उत्तरकाशी :-
भव्य स्वागत के साथ खरसाली पहुँची मां यमुना की उत्सव डोली — छह माह तक यहीं होंगी मां की पूजा-अर्चना।
सुभाष बडोनी उत्तरकाशी
भैय्या दूज पर्व पर यमुनोत्री धाम के कपाट शीतकाल के लिए बंद होने के बाद मां यमुना की उत्सव डोली शुक्रवार को अपने शीतकालीन प्रवास स्थल खरसाली गांव पहुँच गई। छह माह बाद जैसे ही मां यमुना भय्या की डोली गांव में पहुंची तो पूरा वातावरण “जय मां यमुना” के जयकारों से गूंज उठा।
वहीँ ग्रामीणों ने फूलों और ढोल-दमाऊ की थाप पर भव्य स्वागत किया।
डोली सबसे पहले परंपरा के अनुसार समेश्वर देवता मंदिर परिसर में पहुंची, जहाँ विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद डोली को शीतकालीन गद्दीस्थल यमुना मंदिर खरसाली में विराजमान कराया गया।
अब अगले छह माह तक मां यमुना की नित्य पूजा-अर्चना, धार्मिक अनुष्ठान और दर्शन इसी मंदिर में संपन्न होंगे। इस दौरान देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु और स्थानीय ग्रामीण मां के दर्शन कर पुण्य अर्जित कर सकेंगे।
ग्राम प्रधान, तीर्थ पुरोहितों और मंदिर समिति के सदस्यों ने बताया कि शीतकालीन प्रवास अवधि में प्रतिदिन विशेष पूजा और आरती की जाएगी। साथ ही यात्रा से जुड़े स्थानीय लोगों के स्वरोजगार और धार्मिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
मां यमुना की डोली के आगमन पर पूरे खरसाली गांव में उल्लास और श्रद्धा का माहौल रहा। महिलाएं मंगल गीत गाती रहीं, वहीं श्रद्धालु मां यमुना के जयकारों के साथ उनके स्वागत में भाव-विभोर नजर आए।

