khabaruttrakhand
आकस्मिक समाचारउत्तराखंडटिहरी गढ़वालदिन की कहानीप्रभावशाली व्यतिविशेष कवरस्टोरी

पहाड़ी शैंपू की धूम : हल्दी–भीमल साबुन का कर रही है व्यापार” “रीप परियोजना से खड़ी की रिटेल शॉप, हर महीने कमा रही ₹50-60 हज़ार”।

“पहाड़ी शैंपू की धूम : हल्दी–भीमल साबुन का कर रही है व्यापार”

“रीप परियोजना से खड़ी की रिटेल शॉप, हर महीने कमा रही ₹50-60 हज़ार”

“जहां चाह, वहां राह”—इसी कहावत को सच साबित किया है टिहरी गढ़वाल की विनीता नौटियाल ने। थौलधार ब्लॉक के ग्राम बंस्युल निवासी विनीता नौटियाल ने पहाड़ी शैंपू, हल्दी और भीमल के साबुन तथा वाशिंग पाउडर बनाकर न सिर्फ खुद को आत्मनिर्भर बनाया है, बल्कि अन्य ग्रामीण महिलाओं के लिए भी प्रेरणा स्रोत बनी हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की सरकार की योजनाओं के अंतर्गत रीप (Rural Enterprise Acceleration Project) योजना का लाभ लेकर उन्होंने मंडखाल बाजार में रिटेल शॉप शुरू की, जहां हर्बल प्रोडक्ट्स के साथ खाद्य पदार्थ भी बेचे जाते हैं। इस प्रयास से वे आज प्रतिमाह 50 से 60 हज़ार रुपये की आय अर्जित कर रही हैं। साथ ही 12–15 ग्रामीण महिलाओं को रोजगार देकर स्वावलंबन की नई इबारत लिख रही हैं।

प्याज का शैंपू सबसे लोकप्रिय :

विनीता नौटियाल ने बताया कि उनके समूह द्वारा बनाए गए प्याज के शैंपू की बाजार में सबसे अधिक डिमांड है। काले और घने बालों के लिए यह बेहद फायदेमंद माना जाता है। प्याज का शैंपू – 200ml बोतल ₹200, भीमल qका शैंपू – ₹150, हर्बल साबुन (एलोवेरा व हल्दी) और वाशिंग पाउडर – ₹100 प्रति किलो ।

योजनाओं का मिला सहारा :

विनीता नौटियाल लंबे समय से राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) से जुड़ी हैं। वर्ष 2023-24 में उन्होंने रीप परियोजना के अंतर्गत व्यक्तिगत उद्यम गैर कृषि व्यवसाय के लिए प्रस्ताव दिया। जिसमें विभागीय अंशदान : ₹75,000 और बैंक लोन : ₹1,25,000, स्वयं का निवेश : ₹53,400 और कुल प्रोजेक्ट कॉस्ट : ₹2,53,400

जिला परियोजना प्रबंधक रीप, सरिता जोशी ने बताया कि विनीता की शॉप से न केवल दैनिक उपभोग की वस्तुएं बल्कि हर्बल प्रोडक्ट्स की भी अच्छी बिक्री हो रही है, जिससे उनकी आजीविका सुदृढ़ हुई है।

ग्रामीण महिलाओं को रोजगार :

विनीता की इस पहल से गांव की 12 से 15 महिलाएं भी रोजगार से जुड़ गई हैं। वे शैंपू, साबुन और वाशिंग पाउडर बनाने के कार्य में सहयोग कर रही हैं और दैनिक वेतन प्राप्त कर रही हैं।

आत्मनिर्भरता की मिसाल :

विनीता नौटियाल ने केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं के लिए धन्यवाद देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की इन योजनाओं से ग्रामीण महिलाओं की आजीविका में सुधार हुआ है और वे आत्मनिर्भर होकर समाज में अपनी अलग पहचान बना रही हैं।

 

Related posts

उत्तराखंड के इस इंजीनियरिंग कॉलेज में छात्रों को मिल रहा ये अनोखा आदेश।#BreakingNews

khabaruttrakhand

अनीमिया मुक्त की ओर अग्रसर जनपद टिहरी गढ़वाल। 55 दिन में हुए 01 लाख 38 हजार 129 हिमोग्लोबिन परीक्षण।

khabaruttrakhand

Uttarakhand: इस बार राष्ट्रीय स्तर पर श्रेष्ठ ग्रामीण होम स्टे को भी मिलेगा पुरस्कार, 31 जनवरी तक आवेदन तिथि

cradmin

Leave a Comment

Verified by MonsterInsights