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आस्था:-सावन के प्रथम सोमवार को कावड़िए पहुंचे गंगोत्री धाम।

सावन का प्रथम सोमवार को कावड़िए पहुंचे गंगोत्री धाम

रिपोर्ट:- सुभाष बडोनी/उत्तरकाशी.

सावन के प्रथम सोमवार को गंगोत्री धाम में कावड़ियों की भारी तादात देखने को मिली. माँ गंगा का आश्रीवाद व् भगवान शंकर का आश्रीवाद लेने के लिए पूरे प्रदेश से अनेको भक्त गंगोत्री धाम पहुंच रहे है. भगवान शंकर व् माँ गंगा गंगोत्री धाम में विराजमान है. इसका उल्लेख शास्त्रों में भी किया गया है.

सावन माह के प्रथम सोमवार में भगवान भोलेनाथ को जल चढ़ाने का बहुत बड़ा महत्व है और इस माह में किए गए जप -तप पाठ पूजा और जलाभिषेक का बहुत बड़ा महत्व है. देश के कोने-कोने से विभिन्न राज्यों से जनपदों से हजारों की संख्या में कावड़ी गंगोत्री धाम पधारते हैं और गंगोत्री धाम से जल भर कर के अपने अपने स्थान के मंदिर में भगवान भोलेनाथ को जल चढाते है।
भोलेनाथ सभी की मनोकामना पूर्ण करते हैं और माना जाता है कि गंगोत्री में सूर्यकुंड गौरी कुंड में भगवान भोलेनाथ का शिवलिंग में मौजूद है और गंगा माँ उस शिव लिंग पर चढ़कर के आगे निकलती है।
इसलिए मान्यता है कि सभी ज्योतिर्लिंग में और रामेश्वर में गंगा माँ का गंगोत्री का जल चढ़ाया जाता है.

इस वर्ष उम्मीद थी कि लाखों की संख्या मे कावड़ी गंगोत्री धाम आएंगे बिगत 2 वर्ष कोरोना के कारण लोग नही आ पाए थे।
व्यापारियों ने भी खूब सामान लाया अपने दुकानों को सजाया किन्तु कावड़ियों की संख्या में कमी के कारण चेहरे पर उदासी है और व्यापारियों को अब भी आशा है कि शेष समय मे खूब कावड़ी गंगोत्री धाम आ कर माँ गंगा के जल को ले कर जाएंगे।

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